UP News : मेडिकल शिक्षा क्षेत्र में यूपी का बड़ा बदलाव: 976 सीएचसी पर शुरू हुई टेलीमेडिसिन, एक जिला-एक मेडिकल कॉलेज की अवधारणा को मिला नया बल
UP News : लखनऊ। उत्तर प्रदेश में स्वास्थ्य और मेडिकल शिक्षा के क्षेत्र में अभूतपूर्व प्रगति हो रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं के डिजिटलीकरण की दिशा में प्रदेश ने महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं। यूनिवर्सल हेल्थ कवरेज के तहत लगभग 9.25 करोड़ लोग जुड़ चुके हैं, जबकि डिजिटल हेल्थ आईडी (आभा आईडी) के रूप में 14 करोड़ 28 लाख से अधिक कार्ड जारी हो चुके हैं। इन सुविधाओं से नागरिकों को एकीकृत स्वास्थ्य सेवाएं आसानी से उपलब्ध हो रही हैं।
UP News : 976 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर टेलीमेडिसिन की शुरुआत
ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच बढ़ाने के लिए 976 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (सीएचसी) पर टेलीमेडिसिन और टेली-कंसल्टेशन की सुविधा शुरू की गई है। इसके साथ ही प्रदेश में रियल टाइम डिजीज ट्रैकिंग की व्यवस्था लागू की गई है, जिससे बीमारियों की निगरानी और नियंत्रण में सहायता मिल रही है।
UP News : एक जिला-एक मेडिकल कॉलेज की अवधारणा को नई गति
मुख्यमंत्री ने कहा कि मेडिकल शिक्षा के क्षेत्र में भी बड़ा बदलाव आया है। पहले जहां स्वास्थ्य क्षेत्र में अव्यवस्था और बाहरी हस्तक्षेप की शिकायतें रहती थीं, वहीं अब “एक जिला-एक मेडिकल कॉलेज” की अवधारणा को आगे बढ़ाया जा रहा है। इसके तहत हर जिले में मेडिकल कॉलेज और नर्सिंग कॉलेज स्थापित किए जा रहे हैं। अटल बिहारी वाजपेयी चिकित्सा विश्वविद्यालय के माध्यम से सभी मेडिकल कॉलेजों को एक मंच पर लाया गया है। सहारनपुर, आजमगढ़, चंदौली और बिजनौर जैसे जिलों के मेडिकल कॉलेज अब एक समान पाठ्यक्रम और परीक्षा प्रणाली के तहत संचालित हो रहे हैं।
UP News : पीजी और यूजी सीटों में भारी वृद्धि
मेडिकल शिक्षा को मजबूत करने के लिए एमबीबीएस (यूजी) सीटें 5390 से बढ़कर 12700 हो गई हैं। पीजी सीटों की संख्या भी 1221 से बढ़कर 5056 तक पहुंच गई है। नर्सिंग में 7000 और पैरामेडिकल में 2000 अतिरिक्त सीटें बढ़ाई गई हैं। प्रदेश के 18 मेडिकल कॉलेजों में बीएससी नर्सिंग की पढ़ाई चल रही है, जबकि 22 नए मेडिकल कॉलेजों के निर्माण के साथ नर्सिंग शिक्षा को और विस्तार दिया जा रहा है। गोरखपुर और रायबरेली में एम्स संचालित हो चुके हैं। पीपीपी मोड पर भी कई मेडिकल कॉलेज सफलतापूर्वक चल रहे हैं।
UP News : उच्च स्तरीय सुविधाओं का विस्तार
संजय गांधी स्नातकोत्तर आयुर्विज्ञान संस्थान (SGPGI) में एडवांस्ड डायबिटीज सेंटर, 500 बेड का पीडियाट्रिक सेंटर, इमरजेंसी मेडिसिन और रीनल ट्रांसप्लांट सेंटर शुरू किए गए हैं। डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान (RMLIMS) में किडनी, लीवर और बोन मैरो ट्रांसप्लांट जैसी अत्याधुनिक सुविधाएं शुरू हो चुकी हैं। यहां एडवांस्ड न्यूरोसाइंसेस सेंटर भी स्थापित किया गया है और टेली आईसीयू सुविधा के माध्यम से छह मेडिकल कॉलेजों को जोड़ा गया है। किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (KGMU) ने वर्ष 2025 की एनआईआरएफ रैंकिंग में चिकित्सा विश्वविद्यालयों की श्रेणी में देशभर में आठवां स्थान हासिल किया है।
UP News : ट्रॉमा सेंटर और कैंसर संस्थान की स्थापना
विभिन्न मेडिकल कॉलेजों में लेवल-2 ट्रॉमा सेंटर स्थापित किए जा रहे हैं। बाबू कल्याण सिंह सुपर स्पेशलिटी कैंसर संस्थान में “सेंटर फॉर एडवांस्ड मॉलिक्यूलर डायग्नोस्टिक्स एंड रिसर्च फॉर कैंसर” की स्थापना कर इसे आम जनता के लिए उपलब्ध कराया गया है। यह संस्थान टाटा ट्रस्ट के मुंबई अस्पताल की तर्ज पर सेवाएं दे रहा है।

