AIADMK Political Crisis: TVK को समर्थन देने के मुद्दे पर AIADMK में फूट, षणमुगम बोले- हम DMK से जुड़ते तो खत्म हो जाते, अकेले पड़े एडप्पादी पलानीसामी
- Pradeep Sharma
- 12 May, 2026
AIADMK Political Crisis: चेन्नई। तमिलनाडु में विजय थलापति की पार्टी तमिलगा वेत्री कड़गम (TVK) को समर्थन देने के मुद्दे पर AIADMK पार्टी में दो हिस्सों में टूट गई है।
AIADMK Political Crisis: चेन्नई। तमिलनाडु में विजय थलापति की पार्टी तमिलगा वेत्री कड़गम (TVK) को समर्थन देने के मुद्दे पर AIADMK पार्टी में दो हिस्सों में टूट गई है। मंगलवार सुबह षणमुगम ने बयान दिया, ‘हम जनता के जनादेश को स्वीकार करते हैं। यह जनादेश TVK के लिए नहीं, विजय के लिए है। इसलिए हम TVK सरकार को अपना समर्थन देते हैं।
AIADMK Political Crisis: षणमुगम ने यह भी कहा- अगर हम DMK के साथ गठबंधन करते तो AIADMK का अस्तित्व ही समाप्त हो जाता। मेरी AIADMK तोड़ने की कोई मंशा नहीं है। एडप्पादी पलानीसामी ही हमारे नेता हैं। दोनों गुटों में पहली बार मतभेद तब दिखाई दिए, जब AIADMK के नवनिर्वाचित सदस्य सोमवार को तमिलनाडु की 17वीं विधानसभा के पहले सत्र में शामिल होने आए थे।
AIADMK Political Crisis: षणमुगम ने कहा- हमने AIADMK की स्थापना DMK के खिलाफ की थी। 53 सालों से हमारी राजनीति DMK के खिलाफ रही है। इसे देखते हुए एक प्रस्ताव रखा गया था, जिसमें सुझाव दिया गया था कि DMK के समर्थन से AIADMK की सरकार बनाई जाए। हालांकि, हमारे ज्यादातर सदस्यों ने इसे अस्वीकार कर दिया और इसका विरोध किया। अगर हम DMK के साथ गठबंधन करते तो AIADMK का अस्तित्व ही खत्म हो जाता।
AIADMK Political Crisis: षणमुगम ने ये भी कहा कि हम अभी बिना किसी गठबंधन के खड़े हैं और अब हमारा ध्यान अपनी पार्टी को फिर से मजबूत और जीवंत बनाने पर होना चाहिए। आखिरकार हमने अपना समर्थन चुनाव जीती TVK को देने का फैसला किया।
AIADMK Political Crisis: AIADMK के पूर्व नेता केसी पलानीसामी ने कहा, पार्टी के भीतर साफतौर पर फूट पड़ चुकी है। कई विधायक नेतृत्व में बदलाव चाहते हैं। अगर एडप्पादी पलानीसामी नेता बने रहते हैं, तो इस बात की संभावना है कि कुछ विधायक TVK को समर्थन दे सकते हैं। उन्होंने आगे कहा कि एडप्पादी पलानीसामी को पार्टी की टॉप पोस्ट से खुद ही हट जाना चाहिए, ताकि पार्टी फिर से एकजुट और अगला चुनाव लड़ सके।

