AR Rahman : एआर रहमान फिर विवादों में घिरे, कॉपीराइट का लगा आरोप, हाईकोर्ट ने 2 करोड़ जमा करने का दिया आदेश...
- Rohit banchhor
- 26 Apr, 2025
जिन्होंने दावा किया कि गाना उनके पिता और चाचा की रचना शिव स्तुति की नकल है।
AR Rahman : मुंबई। ऑस्कर विजेता संगीतकार एआर रहमान एक बार फिर कानूनी विवाद में फंस गए हैं। दिल्ली हाईकोर्ट ने तमिल फिल्म पोन्नियिन सेलवन 2 के गाने वीरा राजा वीरा को लेकर कॉपीराइट उल्लंघन के मामले में रहमान और फिल्म के निर्माता मद्रास टॉकीज को 2 करोड़ रुपये जमा करने का आदेश दिया है। यह मामला शास्त्रीय गायक उस्ताद फैयाज वसीफुद्दीन डागर की याचिका पर आधारित है, जिन्होंने दावा किया कि गाना उनके पिता और चाचा की रचना शिव स्तुति की नकल है।

AR Rahman : मामले की जड़ क्या है?
पद्म श्री से सम्मानित शास्त्रीय गायक फैयाज वसीफुद्दीन डागर ने 2023 में कोर्ट में याचिका दायर की थी। उन्होंने आरोप लगाया कि वीरा राजा वीरा की धुन, ताल और भावनाएं उनके पिता उस्ताद नासिर फैयाजुद्दीन डागर और चाचा उस्ताद जहीरुद्दीन डागर की शिव स्तुति से मिलती-जुलती हैं। डागर का कहना है कि इस रचना का उपयोग बिना अनुमति और बिना उचित श्रेय दिए किया गया, जो कॉपीराइट उल्लंघन है।
AR Rahman : कोर्ट का सख्त रुख-
न्यायमूर्ति प्रतिभा एम. सिंह ने सुनवाई में कहा कि वीरा राजा वीरा केवल शिव स्तुति से प्रेरित नहीं है, बल्कि यह उसका लगभग समान संस्करण है। कोर्ट ने पाया कि गाने की संगीतमय संरचना, नोट्स और भावनात्मक प्रभाव मूल रचना से मेल खाते हैं। कोर्ट ने आदेश दिया कि रहमान, मद्रास टॉकीज और लाइका प्रोडक्शंस 2 करोड़ रुपये कोर्ट रजिस्ट्री में जमा करें, जो मुकदमे के अंतिम फैसले तक फिक्स्ड डिपॉजिट में रहेगा। साथ ही, सभी डिजिटल और ओटीटी प्लेटफॉर्म्स पर फिल्म और गाने में जूनियर डागर ब्रदर्स (उस्ताद नासिर फैयाजुद्दीन और उस्ताद जहीरुद्दीन डागर) को क्रेडिट देना अनिवार्य होगा। इसके अलावा, 2 लाख रुपये कानूनी खर्च के रूप में डागर को देने का भी निर्देश दिया गया।

AR Rahman : रहमान की दलीलें नाकाम-
रहमान ने बचाव में तर्क दिया कि शिव स्तुति ध्रुपद शैली की पारंपरिक रचना है, जो पब्लिक डोमेन में है और कॉपीराइट के दायरे में नहीं आती। उन्होंने यह भी दावा किया कि वीरा राजा वीरा 227 संगीतमय लेयर्स के साथ एक मूल रचना है, जो पश्चिमी संगीत तकनीकों पर आधारित है। हालांकि, कोर्ट ने इन दलीलों को खारिज करते हुए कहा कि गाना मूल रचना से इतना समान है कि यह कॉपीराइट उल्लंघन का स्पष्ट मामला है। कोर्ट ने यह भी नोट किया कि रहमान ने शुरू में डागर परिवार की रचना को कोई मान्यता नहीं दी और शिकायत के बाद अनिच्छा से क्रेडिट दिया।
AR Rahman : कानूनी जंग की शुरुआत-
फैयाज डागर ने बताया कि उन्होंने कई बार रहमान और निर्माताओं से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला। 2023 में कोर्ट का रुख करने के बाद यह मामला सुर्खियों में आया। कोर्ट ने यह भी उल्लेख किया कि वीरा राजा वीरा के गायकों में से दो डागर के शिष्य हैं, जो दोनों रचनाओं के बीच गहरा संबंध दर्शाता है।

