पाकिस्तान के प्रदर्शन पर गावस्कर और आर्थटन ने कसा तंज, कहा - भारत की B टीम भी पाकिस्तान को....
दुबई: चैंपियंस ट्रॉफी 2025 में पाकिस्तान क्रिकेट टीम को लगातार हार का सामना करना पड़ा है, जिसके बाद उसकी टूर्नामेंट से विदाई लगभग तय हो गई है। इस बीच, पूर्व भारतीय कप्तान सुनील गावस्कर और इंग्लैंड के पूर्व कप्तान माइकल आर्थटन ने पाकिस्तान टीम के प्रदर्शन पर तीखी टिप्पणियां की हैं। रविवार को दुबई में खेले गए हाई-वोल्टेज मुकाबले में रोहित शर्मा की अगुआई वाली भारतीय टीम ने गत चैंपियन पाकिस्तान को छह विकेट से करारी शिकस्त दी थी। इसके बाद न्यूजीलैंड ने सोमवार को बांग्लादेश को हराकर पाकिस्तान की सेमीफाइनल में पहुंचने की उम्मीदों को पूरी तरह खत्म कर दिया।
पाकिस्तान की उम्मीदें धूमिल, मेजबानी के बावजूद निराशा
पाकिस्तान इस टूर्नामेंट में 2017 की जीत का बचाव करने उतरा था, लेकिन ग्रुप ए में उसे पहले न्यूजीलैंड और फिर भारत के खिलाफ हार झेलनी पड़ी। अब तक एक भी मैच न जीत पाने वाली पाकिस्तानी टीम का ग्रुप चरण का आखिरी मुकाबला 27 फरवरी को बांग्लादेश से होना है। 1996 के विश्व कप के बाद पहली बार किसी आईसीसी टूर्नामेंट की मेजबानी कर रहे पाकिस्तान के लिए यह हार और भी शर्मनाक है, क्योंकि घरेलू मैदानों पर भी टीम जीत हासिल नहीं कर पाई। सोशल मीडिया पर फैंस और विशेषज्ञ टीम के खराब प्रदर्शन की लगातार आलोचना कर रहे हैं।
गावस्कर का तंज: "पाकिस्तान को भारत की बी टीम से भी हार मिलेगी"
सुनील गावस्कर ने एक स्पोर्ट्स चैनल पर बातचीत के दौरान पाकिस्तान टीम की मौजूदा हालत पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा, "मेरे ख्याल से भारत की बी टीम भी पाकिस्तान को कड़ी टक्कर दे सकती है। सी टीम के बारे में मैं पक्के तौर पर नहीं कह सकता, लेकिन जिस तरह की फॉर्म में पाकिस्तान अभी है, उसे भारत की बी टीम को हराना भी मुश्किल होगा।" गावस्कर ने पाकिस्तान की बेंच स्ट्रेंग्थ पर सवाल उठाते हुए कहा कि टीम के पास प्रतिभाशाली खिलाड़ियों की कमी साफ दिख रही है। उन्होंने कहा, "पाकिस्तान के पास हमेशा से स्वाभाविक प्रतिभा वाले खिलाड़ी रहे हैं। भले ही उनकी तकनीक पर सवाल उठे, लेकिन बल्ले और गेंद को लेकर उनकी समझ कमाल की होती थी। मिसाल के तौर पर इंजमाम-उल-हक को देखें, उनका स्टांस देखकर कोई कोचिंग नहीं देगा, लेकिन उनकी बल्लेबाजी की लय गजब की थी। अब ऐसा टैलेंट कहां गया?" गावस्कर ने आगे कहा कि पाकिस्तान सुपर लीग (पीएसएल) और घरेलू टूर्नामेंट्स के बावजूद अच्छे खिलाड़ी तैयार करने में नाकाम रहा है। उन्होंने भारत के उदाहरण का जिक्र करते हुए कहा, "आईपीएल ने भारत को सीमित ओवर क्रिकेट में ढेर सारे युवा सितारे दिए हैं। ये खिलाड़ी रणजी ट्रॉफी और टीम इंडिया के लिए भी खेल रहे हैं। पाकिस्तान को इस पर गंभीरता से विचार करना चाहिए कि उनकी बेंच स्ट्रेंग्थ अब क्यों कमजोर हो गई है।"
आर्थटन: "भारत-पाकिस्तान मुकाबला अब एकतरफा"
इंग्लैंड के पूर्व कप्तान माइकल आर्थटन ने भारत-पाकिस्तान के बीच पारंपरिक प्रतिद्वंद्विता पर टिप्पणी करते हुए कहा कि यह मुकाबला अब एकतरफा हो गया है। उन्होंने कहा, "लंबे समय से इस मुकाबले का नतीजा लगभग तय सा हो गया है। पहले जहां भारत-पाकिस्तान मैच को लेकर जबरदस्त उत्साह और चर्चा होती थी, अब यह हाइप खत्म हो गया है, क्योंकि यह पूरी तरह एकतरफा हो चुका है।" आर्थटन ने पाकिस्तान की बल्लेबाजी लाइन-अप की भी आलोचना की और कहा, "न्यूजीलैंड के खिलाफ पहले मैच में उनकी बल्लेबाजी बेहद कमजोर दिखी। भारत के खिलाफ भी वे कोई चुनौती नहीं दे पाए।"
क्या है पाकिस्तान की हार का कारण?
पाकिस्तान की लगातार हार के बाद कई सवाल उठ रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि टीम में एकजुटता की कमी, खराब रणनीति और कमजोर बेंच स्ट्रेंग्थ इस प्रदर्शन के लिए जिम्मेदार हैं। न्यूजीलैंड के खिलाफ पहले मैच में जहां उनकी बल्लेबाजी ढह गई, वहीं भारत के खिलाफ गेंदबाजी और फील्डिंग में भी वे प्रभाव नहीं छोड़ सके। कप्तान मोहम्मद रिजवान और स्टार बल्लेबाज बाबर आजम भी इस टूर्नामेंट में अपनी छाप छोड़ने में नाकाम रहे हैं।

