एमपी की मोहन सरकार ने फिर लिया 5 हज़ार करोड़ का कर्ज, 4 लाख करोड़ पहुंची कर्ज की कुल राशि
भोपाल। मध्यप्रदेश सरकार ने एक बार फिर 5 हजार करोड़ रुपए का कर्ज लिया है। हाल ही में वित्त विभाग ने कर्ज लेने के लिए रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया को लेटर ऑफ विलिंगनेस (इच्छा पत्र) भेजा था, जिसे आरबीआई ने मंजूरी दे दी है। इस तरह चालू वित्तीय वर्ष में सरकार 25 हजार करोड़ रुपए का कर्ज ले चुकी है। इस कर्ज के साथ ही मप्र सरकार पर कर्ज की कुल राशि 4 लाख करोड़ पर पहुंच गई है।
वित्त विभाग के अधिकारियों का कहना है कि 31 दिसंबर से पूर्व सरकार 5 हजार करोड़ का कर्ज और लेगी। सत्ता में आने के बाद मोहन सरकार ने 2000 करोड़ रुपए का पहला कर्ज 20 दिसंबर 2023 कोलिया था। इसके बाद सरकार ने 18 जनवरी को 2500 करोड़ रुपए, 6 फरवरी को 3000 करोड़, 20 फरवरी को 5000 करोड़ और 27 फरवरी को 5 हजार करोड़ रुपए का कर्ज लिया था।
नया वित्त वर्ष शुरू होने पर सरकार ने शुरुआती चार महीने में कोई लोन नहीं लिया था। फिर सरकार ने एक अगस्त को चालू वित्तीय वर्ष का पहला 5000 करोड़ रुपए का कर्ज लेने की औपचारिकताएं शुरू की थीं। इसके बाद सरकार ने 22 अगस्त को 5000 करोड़ रुपए, सितंबर में 5000 करोड़, 8 अक्टूबर को 5 हजार करोड़ और 26 नवंबर को 5 हजार करोड़ रुपए का कर्ज लिया था।

