US Airstrikes on Iran: केशम द्वीप और बंदर अब्बास में अमेरिकी हवाई हमले, होर्मुज पर फिर भड़की जंग
- Pradeep Sharma
- 08 Jul, 2026
US Airstrikes on Iran: तेहरान। होर्मुज जलडमरूमध्य में तीन कमर्शियल जहाजों पर हुए हमलों के बाद पश्चिम एशिया में एक बार फिर तनाव गहरा गया है। अमेरिका ने इन हमलों को अस्वीकार्य बताते हुए ईरान के खिलाफ हवाई हमले शुरू कर दिए हैं।
US Airstrikes on Iran: तेहरान। होर्मुज जलडमरूमध्य में तीन कमर्शियल जहाजों पर हुए हमलों के बाद पश्चिम एशिया में एक बार फिर तनाव गहरा गया है। अमेरिका ने इन हमलों को अस्वीकार्य बताते हुए ईरान के खिलाफ हवाई हमले शुरू कर दिए हैं। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट जारी कर सैन्य कार्रवाई की आधिकारिक पुष्टि की है।
US Airstrikes on Iran: CENTCOM के अनुसार, होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजर रहे वाणिज्यिक जहाजों पर कथित ईरानी हमलों के जवाब में यह कार्रवाई की गई है। अमेरिकी सेना का कहना है कि क्षेत्र में समुद्री सुरक्षा बनाए रखने और अपने हितों की रक्षा के लिए यह कदम उठाया गया है।
US Airstrikes on Iran: केशम द्वीप, बंदर अब्बास और सीरिक में तेज धमाकों की आवाज
वहीं, ईरानी मीडिया के अनुसार दक्षिणी ईरान के केशम द्वीप, बंदर अब्बास और सीरिक में तेज धमाकों की आवाजें सुनी गईं। सरकारी चैनल प्रेस टीवी ने बताया कि सीरिक के ताहेरूई पियर क्षेत्र में सिलसिलेवार विस्फोट हुए, जहां छह प्रोजेक्टाइल गिरने की भी पुष्टि की गई है। हालांकि, इन घटनाओं में हुए नुकसान या हताहतों को लेकर आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।
US Airstrikes on Iran: अमेरिकी कार्रवाई के बाद क्षेत्र के प्रमुख तटीय और रणनीतिक ठिकानों पर तनाव और सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। घटनाक्रम के चलते पश्चिम एशिया में हालात एक बार फिर बेहद संवेदनशील हो गए हैं।
US Airstrikes on Iran: इस बीच, CENTCOM ने जहाजों पर हुए हमलों को खतरनाक और युद्धविराम (सीजफायर) का उल्लंघन बताया है। दूसरी ओर, ईरान के विदेश मंत्रालय ने अमेरिकी हवाई हमलों की कड़ी निंदा करते हुए इसे इस्लामाबाद समझौता ज्ञापन के प्रावधानों का उल्लंघन करार दिया है।
US Airstrikes on Iran: ईरानी विदेश मंत्रालय ने कहा कि मौजूदा सैन्य तनाव के लिए अमेरिका जिम्मेदार है। मंत्रालय ने चेतावनी दी कि ईरान अपने राष्ट्रीय हितों और सुरक्षा की रक्षा के लिए आवश्यक सभी कदम उठाएगा। फिलहाल दोनों देशों के बीच बढ़ते सैन्य तनाव पर दुनिया की नजर बनी हुई है।

