Rajasthan: क्या है 'खुशीशाला' कार्यक्रम, राजस्थान के 1500 सरकारी स्कूलों में हुआ शुरू, जानिए
Rajasthan: जयपुर: राजस्थान सरकार ने करीब 1,500 सरकारी प्राथमिक स्कूलों में 'खुशीशाला' कार्यक्रम शुरू किया है। इस पहल का उद्देश्य कक्षा 1 से 5 तक के बच्चों की मानसिक सेहत, भावनात्मक मजबूती और सामाजिक विकास को बेहतर बनाना है। इसके लिए बच्चों को खेल, कहानियों और मजेदार गतिविधियों के जरिए सीखने का मौका मिलेगा।
शिक्षकों को भी मिलेगी विशेष ट्रेनिंग
इस कार्यक्रम को राजस्थान राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (RSCERT) चला रही है। बच्चों की भावनाओं को बेहतर ढंग से समझने के लिए शिक्षकों को 3 दिन की ट्रेनिंग और 21 दिन का ऑडियो-वीडियो कोर्स कराया जाएगा। इसमें उन्हें बच्चों का तनाव पहचानने और उनसे बेहतर जुड़ने के तरीके सिखाए जाएंगे।
पायलट प्रोजेक्ट में मिले अच्छे नतीजे
'खुशीशाला' की शुरुआत 2024 में सिरोही और बांसवाड़ा में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में हुई थी। इसमें 120 शिक्षक शामिल हुए थे। कार्यक्रम के बाद बच्चों के व्यवहार और सामाजिक-भावनात्मक कौशल में 53 प्रतिशत तक सुधार देखा गया। पढ़ाई का तनाव भी कम हुआ और शिक्षक-छात्रों के रिश्ते मजबूत हुए।
अब पूरे प्रदेश में होगा विस्तार
पायलट प्रोजेक्ट की सफलता के बाद अब यह कार्यक्रम 1,500 सरकारी स्कूलों में लागू किया गया है। आने वाले समय में इसे और अधिक स्कूलों तक पहुंचाने और हजारों शिक्षकों को प्रशिक्षित करने की योजना है, ताकि बच्चों को खुशहाल और तनावमुक्त माहौल मिल सके।

