UP News : बीटेक-एमबीए पास युवक बने साइबर ठग: कर्ज देने वाले ने सिखाया क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ाने का फर्जी तरीका, चंडीगढ़ से गिरफ्तार
UP News : कानपुर। कोरोना काल में सिंगापुर की नौकरी गंवाने वाले दो उच्च शिक्षित युवकों ने साइबर अपराध का रास्ता अपनाया और अंतरराज्यीय ठगी का गिरोह चला रहे थे। क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने के नाम पर लोगों से लाखों रुपये ठगने वाले इन अपराधियों को कानपुर कमिश्नरेट की साइबर क्राइम टीम ने पंजाब पुलिस की मदद से चंडीगढ़ से गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों के पास से तीन लैपटॉप, 14 मोबाइल फोन, महिंद्रा थार कार, क्रिकेट किट और अन्य लग्जरी सामान बरामद हुए हैं।
UP News : डीसीपी क्राइम अतुल श्रीवास्तव ने बताया कि गोविंद नगर निवासी सुनील कुमार खन्ना के साथ क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ाने के नाम पर 1.35 लाख रुपये की ठगी हुई थी। गोविंद नगर थाने में मुकदमा दर्ज होने के बाद साइबर सेल की टीम ने डिजिटल साक्ष्य, बैंक ट्रांजेक्शन और तकनीकी जांच के आधार पर यूपी के बागपत निवासी अनुज तोमर (एमबीए) और दिल्ली निवासी विवेक शर्मा (बीटेक) को चंडीगढ़ से दबोचा। दोनों आरोपित साथ पढ़े थे और सिंगापुर में नौकरी करते थे। नौकरी छूटने के बाद कर्ज में डूब गए।
UP News : साइबर सेल प्रभारी शिवकुमार शर्मा ने खुलासा किया कि विवेक ने अपने मकान में रहने वाले एक युवक से कर्ज लिया था। कर्ज चुकाने में असमर्थता दिखाने पर उसी युवक ने उन्हें साइबर ठगी का तरीका सिखाया। दोनों ने मिलकर ठगी का नेटवर्क खड़ा कर लिया। पुलिस के अनुसार, आरोपित पुलिस से बचने के लिए रोजाना दिल्ली-पंजाब का चक्कर लगाते थे और चलती कार से ही लोगों को कॉल कर ठगते थे ताकि लोकेशन ट्रेस न हो सके।
UP News : राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर इनके खिलाफ 35 शिकायतें दर्ज हैं। दिल्ली, पंजाब, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, गुजरात, हरियाणा सहित कई राज्यों के लोग इनके शिकार बने। गिरोह में अन्य सदस्य भी शामिल हैं, जिनकी तलाश जारी है। विवेक क्रिकेट का शौकीन है और ठगी की रकम से उसने ऑनलाइन क्रिकेट किट और लग्जरी सामान खरीदा था।
UP News : पुलिस ने बताया कि दोनों आरोपित तकनीकी ज्ञान का दुरुपयोग कर रहे थे। ठगी की रकम से महिंद्रा थार और अन्य वस्तुएं खरीदी गईं। मामले की जांच जारी है और अन्य राज्यों की पुलिस से भी समन्वय किया जा रहा है।

