MP News : गेर महोत्सव में शामिल हुए CM डॉ. मोहन यादव, जमकर उड़ाया रंग-गुलाल, देखें PHOTOS
MP News : उज्जैन/भोपाल। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 8 मार्च को उज्जैन में आयोजित पारंपरिक रंग पंचमी गेर में शामिल होकर उत्सव का आनंद लिया। इस दौरान उन्होंने श्री महाकालेश्वर मंदिर में दर्शन-पूजन किए और प्रदेश की जनता के सुख, समृद्धि और कल्याण की कामना की। गेर में शामिल होकर उन्होंने श्रद्धालुओं और आम लोगों के साथ रंग-गुलाल खेला, जिससे पूरे क्षेत्र में उत्साह और उल्लास का माहौल बन गया।
MP News : ध्वजा और अखाड़ों के शस्त्रों का किया पूजन
रंग पंचमी के अवसर पर मुख्यमंत्री ने गेर निकलने से पहले ध्वजा का पूजन किया और विभिन्न अखाड़ों के पारंपरिक शस्त्रों की विधि-विधान से पूजा की। इस मौके पर उन्होंने शस्त्र संचालन का प्रदर्शन भी किया, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। मुख्यमंत्री का यह पारंपरिक अंदाज लोगों को काफी पसंद आया और कार्यक्रम की तस्वीरें व वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गए।

MP News : प्रदेशवासियों को दी रंग पंचमी की शुभकामनाएं
इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेश की जनता को रंग पंचमी की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि रंगों का यह पावन पर्व सभी के जीवन में खुशियां, उत्साह और सकारात्मकता लेकर आए। सोशल मीडिया पर उन्होंने लिखा कि आज रंग पंचमी के शुभ अवसर पर श्री महाकालेश्वर मंदिर से निकलने वाली पारंपरिक गेर में शामिल होकर ध्वजा और अखाड़ों के शस्त्रों का पूजन किया तथा बाबा महाकाल से प्रदेशवासियों के सुख और समृद्धि की कामना की।

MP News : संस्कृति और परंपराओं को बढ़ावा देने पर जोर
मुख्यमंत्री बनने के बाद से डॉ. मोहन यादव प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत और परंपराओं को विशेष महत्व दे रहे हैं। उन्होंने कई पारंपरिक त्योहारों को राज्य उत्सव के रूप में मनाने की पहल की है। उनका मानना है कि त्योहार समाज में आपसी भाईचारा बढ़ाते हैं और लोगों के बीच की दूरियां कम करते हैं।

MP News : सीएम हाउस में भी मनाई गई थी ब्रज की होली
इससे पहले 5 मार्च को मुख्यमंत्री ने भोपाल स्थित सीएम हाउस में भी उत्साह के साथ होली उत्सव मनाया था। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में संत-महात्मा और आम नागरिक शामिल हुए थे। इस अवसर पर फाग गीत और पारंपरिक भजनों की प्रस्तुति दी गई, जबकि पूरे परिसर को ब्रज की होली की थीम पर सजाया गया था। माहौल ऐसा था मानो बरसाने की होली का रंग भोपाल में उतर आया हो।

