Krishna Janmashtami 2024 : जन्माष्टमी पर लड्डू गोपाल को अर्पित करें ये भोग, बिना इन चीजों के अधूरी है कान्हा की पूजा...
- Rohit banchhor
- 22 Aug, 2024
Krishna Janmashtami 2024 : डेस्क न्यूज। भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को हर साल श्री कृष्ण जन्माष्टमी मनाई जाती है।
Krishna Janmashtami 2024 : डेस्क न्यूज। भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को हर साल श्री कृष्ण जन्माष्टमी मनाई जाती है। इस दिन लड्डू गोपाल की पूजा-अर्चना के बाद भक्त व्रत का पारण करते हैं। जन्माष्टमी का पर्व पूरे देश में हर्षाेल्लास के साथ मनाया जाता है। इस मौके पर लोग मंदिरों और अपने घरों को सजाते हैं और भगवान श्री कृष्ण के बाल रूप की पूजा करते हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार जो लोग लड्डू गोपाल की विधि-विधान से पूजा करते हैं, उनके जीवन में सुख-समृद्धि आती है। खासकर, भगवान श्री कृष्ण के प्रिय भोग अर्पित करने से उनकी कृपा मिलती है।
Krishna Janmashtami 2024 : जन्माष्टमी पर लड्डू गोपाल के प्रिय भोग-
माखन मिश्री का भोग- भगवान श्री कृष्ण को माखन और मिश्री अत्यंत प्रिय हैं। उन्हें प्रसन्न करने के लिए माखन और मिश्री का भोग अवश्य लगाएं, और इसमें तुलसी के पत्तों का उपयोग करना न भूलें।
धनिया पंजीरी- श्री कृष्ण जन्माष्टमी के दिन भगवान को धनिया से बनी पंजीरी का भोग लगाया जाता है। इस पंजीरी में धनिया पाउडर, काजू, किशमिश, मिश्री, बादाम, और देसी घी का मिश्रण होता है। इस भोग में भी तुलसी पत्र का उपयोग अवश्य करें।

Krishna Janmashtami 2024 : मखाना पाग का भोग- लड्डू गोपाल को मखाने और मेवे से बनी खीर बहुत पसंद है। इसलिए जन्माष्टमी पर भगवान को मखाना पाग का भोग जरूर लगाएं।
पंचामृत- भगवान श्री कृष्ण की पूजा बिना पंचामृत के अधूरी मानी जाती है। श्री कृष्ण जन्माष्टमी पर भगवान का पंचामृत से अभिषेक किया जाता है और इसे प्रसाद के रूप में बांटा जाता है। इसमें भी तुलसी के पत्ते का इस्तेमाल करना चाहिए।
आटे की पंजीरी या मोहन भोग- भगवान श्री कृष्ण को मोहन भोग अत्यंत प्रिय है। इसलिए जन्माष्टमी के दिन उन्हें आटे या धनिया से बनी पंजीरी का भोग अवश्य अर्पित करें।
Krishna Janmashtami 2024 : जन्माष्टमी पूजा विधि-
सुबह स्नान करके स्वच्छ वस्त्र धारण करें।
पूजा स्थान पर कपड़ा बिछाकर भगवान श्री कृष्ण की प्रतिमा स्थापित करें।
पूजा की थाली में कुमकुम, चंदन, धूप, जल, दीपक, और फूल रखें।
भगवान को भोग लगाने के लिए पंजीरी, नारियल की मिठाई, पंचामृत, और फल रखें।
श्री कृष्ण के जन्म के बाद लड्डू गोपाल को पंचामृत से स्नान कराएं, जिसमें घी, दूध, दही, शहद, और गंगाजल मिलाएं।
इसके बाद भगवान को चंदन का टीका लगाकर सुंदर वस्त्र पहनाएं और उनकी आरती कर भोग अर्पित करें।

